Monday, September 12, 2016
शिळा भात खाण्याचे ५ फायदे तुम्हांला धक्का देईल
Sunday, September 11, 2016
8 उपाय जिनसे होता है किसी भी स्त्री-पुरुष का वशीकरण
यदि किन्हीं कारणों से पति-पत्नी के बीच प्रेम नहीं रहता हो अथवा मांगलिक दोष या रिश्ते में किसी तीसरे स्त्री-पुरुष की मौजूदगी से आपका वैवाहिक जीवन नरक बन गया हो तो आप इन उपायों से अपने जीवनसाथी का फिर से प्रेम पा सकते हैं।
पहला उपायः पति-पत्नी वशीकरण मंत्र
इस मंत्र का प्रयोग पति-पत्नी दोनों में कोई भी या कोई एक कर सकता है। इसके लिए आपको सिद्ध योग में निम्नलिखित मंत्र का 1100 जप कर प्रेमपूर्वक अपने लाइफ पार्टनर को पान खिलाए, इससे आपके लाइफ पार्टनर जीवन भर आपके वश में रहेंगे। इस उपाय को पति पत्नी के लिए अथवा पत्नी पति के लिए कर सकती है।
अमुक (लाइफ पार्टनर का नाम) जय जय सर्वव्यान्नमः स्वाहा।
दूसरा उपाय
पारिवारिक सुख की प्राप्ति हेतु यदि पति-पत्नी के संबंधों में कटुता आ जाए, तो पति या पत्नी, या संभव हो, तो दोनों, ऊपर वर्णित मंत्र का पांच माला जप इक्कीस दिन तक प्रतिदिन करें। जप निष्ठापूर्वक करें, तनाव दूर होगा और वैवाहिक जीवन में माधुर्य बढ़ेगा।
तीसरा उपायः मांगलिक दोष को ऐसे हटाएं
मंगल दोष के कारण वैवाहिक जीवन में कलह या तनाव होने की स्थिति में निम्नोक्त क्रिया करें। पति या पत्नी, या फिर दोनों, मंगलवार का व्रत करें और हनुमान जी को लाल बूंदी, सिंदूर व चोला चढ़ाएं। तंदूर की मीठी रोटी दान करें। मंगलवार को सात बार एक-एक मुट्ठी रेवड़ियां नदी में प्रवाहित करें।
गरीबों को मीठा भोजन दान करें। मंगल व केतु के दुष्प्रभाव से मुक्ति हेतु रक्त दान करें। चांदी का जोड़ विहीन छल्ला धारण करें। इससे कुंडलियों का मांगलिक दोष दूर होकर पति-पत्नी के बीच आपसी प्रेम बढ़ेगा।
चौथा उपाय
जिन स्त्रियों के पति किसी अन्य स्त्री के मोहजाल में फंस गए हों या आपस में प्रेम नहीं रखते हं, लड़ाई-झगड़ा करते हों तो इस टोटके द्वारा पति को अनुकूल बनाया जा सकता है। गुरुवार अथवा शुक्रवार की रात्रि में 12 बजे पति की चोटी (शिखा) के कुछ बाल काट लें और उसे किसी ऐसे स्थान पर रख दें जहां आपके पति की नजर न पड़े। ऐसा करने से आपके पति का ध्यान पूरी तरह से उस स्त्री से हट जाएगा और वह आपसे पुनः प्रेम करने लगेंगे। कुछ दिन बाद इस बालों को जलाकर अपने पैरों से कुचलकर घर के बाहर फेंक दें।
पाचवां उपाय
शुभ मुहूर्त में मंत्र ऊँ नमो महायक्षिण्ये मम पतिं में वश्यं कुरु कुरु स्वाहा की 10 माला जप करने तथा दशांश हवन, तर्पण, मार्जन करने से यह मंत्र सिद्ध हो जाता है। इसके बाद किसी भी मिठाई को इस मंत्र से सात बार अभिमंत्रित कर अपने पति को खिला दें।
ऐसा लगातार 21 दिन तक करें। इससे पति आपके वश में हो जाएंगे तथा वह अपने जीवन में कभी किसी अन्य स्त्री की तरफ नजर उठाकर भी नहीं देखेंगे।
छठा उपाय
हे गौरी शंकरार्धांगिं! यथा त्वं शंकरप्रिया तथा मां कुरु कल्याणि कांत कांता सुदुर्लभाम्।
इस मंत्र का प्रतिदिन पांच माला जप लगातार 21 दिन तक करने से पति का प्रेम प्राप्त होता है। जप से पूर्व भगवान गणेश एवं मां दुर्गा की पूजा अवश्य करें।
सातवां उपाय
अगर किसी स्त्री के पति अन्य से प्रेम करते हैं तथा अपनी पत्नी से लड़ाई-झगड़ा आदि दुर्व्यवहार करते हैं तो ऐसी महिलाओं को प्रत्येक रविवार को अपने घर तथा बेडरूम में गूगल की धूनी देनी चाहिए। धूनी देने के पहले मन ही मन दूसरी स्त्री का नाम लेकर प्रार्थना करनी चाहिए कि आपके पति उसके प्रभाव से मुक्त हो जाएं। जल्दी ही उन दोनों का आपसी संबंध टूट जाएगा।
आठवां उपायः वास्तु टिप्स
डॉल्फिन मछलियां अपने जीवनसाथी को भेंट में देने से वैवाहिक जीवन में मधुरता एवं सद्भाव की वृद्धि होती है। डॉल्फिन मछलियों का चित्र या मूर्ति शयन कक्ष में पूर्व या पश्चिम दिशा में रखनी चाहिए। फेंग शुई के अनुसार मेंडेरियन बत्तख का जोड़ा नवविवाहित जोड़े के शयन कक्ष में रखने से जीवनपर्यंत एक दूसरे के प्रति प्रेम बना रहता है।
Tuesday, September 6, 2016
ऑनलाइन सर्विस
📨👉सभी ग्रुप में भेजें और
मैसेज सुरक्षित भी रखें ...
💻👉किसी को भी कभी भी
जरूरत पड़ सकती है
और शेयर जरूर करें
🎓👉सरकार ने विभिन्न ऑनलाईन सेवा शुरु की है
💻👉जिसे आप http://www.india.gov.in/howdo
पेज पर जाकर अपने जरूरत की केटेगरी में चुन सकते हैं, उदाहरण के लिए कुछ इस प्रकार हैं :-
🙏* प्राप्त करे:
💻👉1. जन्म प्रमाण
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=1
💻👉2. जाति प्रमाण
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=4
💻👉3. टोली प्रमाणपत्र
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉4. अधिवास प्रमाणपत्र
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=5
💻👉5. वाहन चालक प्रमाणपत्र
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=6
💻👉6. विवाह प्रमाणपत्र
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=3
💻👉7. मृत्यु प्रमाणपत्र
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=2
🙏अर्ज करें :
💻👉1. पॅन कार्ड
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉2. Tan कार्ड
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉3. राशन कार्ड
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=7
💻👉4. पासपोर्ट
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉5. मतदाता सूची में नामांकन
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=10
🙏रजिस्ट्रेशन:
💻👉1. जमीन / मालमत्ता
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=9
💻👉2. वाहन
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=13
💻👉3. राज्य रोजगार एक्सचेंज
http://www.india.gov.in/howdo/howdoi.php?service=12
💻👉4. नियोक्ता
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉5. कंपनी
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉6. .IN डोमेन
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉7. GOV.IN डोमेन
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
🙏चेक / ट्रॅक:
💻👉1. केंद्र सरकार गृहनिर्माण प्रतीक्षा सूची स्थिति
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉2. चोरी गये वाहन की स्थिति
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉3. भूमि अभिलेख
http://www.india.gov.in/landrecords/index.php
💻👉4. भारतीय न्यायालय
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉5. न्यायालयों के आदेश (JUDIS)
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉6. दैनिक कोर्ट ऑर्डर / प्रकरण स्थिति
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉7. भारतीय संसद नियम
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉8. परीक्षा परिणाम
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉9. स्पीड पोस्ट स्थिति
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉10. ऑनलाइन खेती बाजार भाव
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
🙏पुस्तक / चित्र / लॉज:
💻👉1. ऑनलाईन रेल्वे टिकट
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉2. ऑनलाईन टिकट
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉3. आयकर
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
💻👉4. केंद्रीय दक्षता आयोग शिकायत (CVC हा)
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
🙏योगदान:
💻👉1. प्रधानमंत्री सहयोग निधि
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
🙏एनी :
💻👉1. इलेक्ट्रॉनिक पत्र
http://www.india.gov.in/howdo/otherservice_details.php…
🙏ग्लोबल नेवीगेशन
💻👉1. नागरिक
http://www.india.gov.in/citizen.php
💻👉2. व्यवसाय
http://business.gov.in/
💻👉3. ओवरसीज
http://www.india.gov.in/overseas.php
💻👉4. सरकार
http://www.india.gov.in/govtphp
💻👉5. भारत को जानें
http://www.india.gov.in/knowindia.php
💻👉6. क्षेत्र
http://www.india.gov.in/sector.php
💻👉7. संचयिका
http://www.india.gov.in/directories.php
💻👉8. दस्तावेज
http://www.india.gov.in/documents.php
💻👉9. अर्ज
http://www.india.gov.in/forms/forms.php
💻👉10. कायदे
http://www.india.gov.in/govt/acts.php
💻👉11. नियम
http://www.india.gov.in/govt/rules.phpmoo
📱👉सभी ग्रुप में भेजें और मैसेज सुरक्षित ..भी रखें ...किसी को भी कभी भी जरूरत पड़ सकती है।
Sunday, September 4, 2016
जो चाहिए वो मिलेगा गणेशजी के इन उपायों से, कोई भी 1 करें
जो चाहिए वो मिलेगा गणेशजी के इन उपायों से, कोई भी 1 करें
कल (5 सितंबर, सोमवार) भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि है। धर्म ग्रंथों के अनुसार, इसी दिन भगवान श्रीगणेश का प्राकट्य माना जाता है। इस दिन भगवान श्रीगणेश को प्रसन्न करने के लिए व्रत व पूजन किया जाता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, इस दिन कुछ विशेष उपाय किए जाएं तो भगवान श्रीगणेश अपने भक्तों पर प्रसन्न होकर उनकी हर मनोकामना पूरी करते हैं। अगर आप भी इस विशेष अवसर का लाभ उठाना चाहते हैं तो ये उपाय विधि-विधान पूर्वक करें-
1. शास्त्रों में भगवान श्रीगणेश का अभिषेक करने का विधान बताया गया है। गणेश चतुर्थी पर भगवान श्रीगणेश का अभिषेक करने से विशेष लाभ होता है। इस दिन आप शुद्ध पानी से श्रीगणेश का अभिषेक करें। साथ में गणपति अथर्व शीर्ष का पाठ भी करें। बाद में मावे के लड्डुओं का भोग लगाकर भक्तों में बांट दें।
गणेश चतुर्थी के अन्य उपाय जानने के लिए पर क्लिक करें-
तस्वीरों का इस्तेमाल प्रस्तुतिकरण के लिए किया गया है।
2. यंत्र शास्त्र के अनुसार, गणेश यंत्र बहुत ही चमत्कारी यंत्र है। गणेश चतुर्थी पर घर में इसकी स्थापना करें। इस यंत्र की स्थापना व पूजन से बहुत लाभ होता है। इस यंत्र के घर में रहने से किसी भी प्रकार की बुरी शक्ति घर में प्रवेश नहीं करती।
3. अगर आपके जीवन में बहुत परेशानियां हैं, तो आप गणेश चतुर्थी को हाथी को हरा चारा खिलाएं और गणेश मंदिर जाकर अपनी परेशानियों का निदान करने के लिए प्रार्थना करें। इससे आपके जीवन की परेशानियां कुछ ही दिनों में दूर हो सकती हैं।
4. अगर आपको धन की इच्छा है, तो इसके लिए आप गणेश चतुर्थी को सुबह स्नान आदि करने के बाद भगवान श्रीगणेश को शुद्ध घी और गुड़ का भोग लगाएं। थोड़ी देर बाद घी व गुड़ गाय को खिला दें। ये उपाय करने से धन संबंधी समस्या का निदान हो सकता है।
5. गणेश चतुर्थी पर सुबह स्नान आदि करने के बाद समीप स्थित किसी गणेश मंदिर जाएं और भगवान श्रीगणेश को 21 गुड़ की गोलियां बनाकर दूर्वा के साथ चढ़ाएं। इस उपाय से भगवान आपकी हर मनोकामना पूरी हो सकती है।
6. गणेश चतुर्थी पर पीले रंग की गणेश प्रतिमा अपने घर में स्थापित कर पूजा करें। पूजन में श्रीगणेश को हल्दी की पांच गठान श्री गणाधिपतये नम: मंत्र का उच्चारण करते हुए चढ़ाएं। इसके बाद 108 दूर्वा पर गीली हल्दी लगाकर श्री गजवकत्रम नमो नम: का जाप करके चढ़ाएं। यह उपाय लगातार 10 दिन तक करने से प्रमोशन होने की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
7. गणेश चतुर्थी पर किसी गणेश मंदिर जाएं और दर्शन करने के बाद अपनी इच्छा के अनुसार गरीबों को दान करें। कपड़े, भोजन, फल, अनाज आदि दान कर सकते हैं। दान के बाद दक्षिणा यानी कुछ रुपए भी दें। दान से पुण्य की प्राप्ति होती है और भगवान श्रीगणेश भी अपने भक्तों पर प्रसन्न होते हैं।
8. यदि बिटिया का विवाह नहीं हो पा रहा है, तो गणेश चतुर्थी पर विवाह की कामना से भगवान श्रीगणेश को मालपुए का भोग लगाएं व व्रत रखें। शीघ्र ही उसके विवाह के योग बन सकते हैं।
9. गणेश चतुर्थी को दूर्वा (एक प्रकार की घास) के गणेश बनाकर उनकी पूजा करें। मोदक, गुड़, फल, मावा-मिष्ठान आदि अर्पण करें। ऐसा करने से भगवान गणेश सभी मनोकामनाएं पूरी करते हैं।
10. यदि लड़के के विवाह में परेशानियां आ रही हैं, तो वह गणेश चतुर्थी पर भगवान श्रीगणेश को पीले रंग की मिठाई का भोग लगाएं। इससे उसके विवाह के योग बन सकते हैं।
11. गणेश चतुर्थी पर व्रत रखें। शाम के समय घर में ही गणपति अर्थवशीर्ष का पाठ करें। इसके बाद भगवान श्रीगणेश को तिल से बने लड्डुओं का भोग लगाएं। इसी प्रसाद से अपना व्रत खोलें और भगवान श्रीगणेश से मनोकामना पूर्ति के लिए प्रार्थना करें।
नहीं रुकता अगर धन और आ रही परेशानी तो करें ये उपाय
आज सभी की आवश्यकता है धन और धन के बिना जीवन जीना बहुत दुर्लभ है खास कर गृहस्थ व्यक्ति के लिए रात-दिन मेहनत के बाद भी पैसे की परेशानी से जूझता रहता है कुछ व्यक्ति जीवन में कठिनाइयो का सामना करते हुए पूरा जीवन व्यतीत कर देते है
आज के जीवन में धन की महत्ता से इनकार नहीं किया जा सकता हैं , पर यह धन का आगमन हो कैसे कुछ को तो व्यापार अपने परिवार से मिला हैं तो कुछ स्वतः ही इस और आकर्षित हो जाते हैं पर बहुसंख्यक वर्ग तो एक नौकरी किसी तरह मिल जाए उसी पर ही निर्भर करता हैं पर भले ही कितनी रोजगार के अवसर मिल रहे हो या सामने आ आरहे हो पर एक रोजगार मिलना या नौकरी मिलना इतना भी आसान कहाँ.
जब माता पिता की गाढ़ी कमाई के सहारे उच्च शिक्षा प्राप्त करके भी कोई मार्ग सामने दिख न रहा हो तब क्या किया जाए और कितने इस मानसिक स्थिति में असामाजिक रास्ते पर भी चल पड़ते हैं .पर जब कोई मार्ग न दिख रहा हो तो
दुखी व्यक्ति नीचे लिखे मंत्र का जप करें:-
मंत्र :- ॐ श्रीं श्रीं श्रीं परमाम् सिद्धिं श्री श्री श्रीं।
इस मंत्र को सिद्ध करने के लिए पूर्ण स्वच्छता का ध्यान रखें।
पूर्ण साफ मन से प्रदोष के दिन स्नान करके प्रभु शिव का ध्यान करते हुए पूर्ण निराहार होकर व्रत (उपवास) रखें। उस दिन अन्न न लें।
शाम को (गोधूली बेला में) शिवजी का पूजन करें एवं असगंध के फूल को घी में डूबाकर रख लें।
तीन माला जाप उपरोक्त मंत्र की करें। तत्पश्चात एक माला से मंत्र पढ़ते हुए हवन करें।
यह प्रयोग 11 प्रदोष तक लगातार करें। पूर्ण फल मिलेगा।
किसी गुरु पुष्य योग और शुभ चन्द्रमा के दिन सुबह-सुबह हरे रंग के कपड़े की छोटी थैली तैयार करें। श्री गणेश के चित्र अथवा मूर्ति के आगे 'संकटनाशन गणेश स्तोत्र' के 11 पाठ करें। तत्पश्चात् इस थैली में 7 मूंग, 10 ग्राम साबुत धनिया, एक पंचमुखी रूद्राक्ष, एक चांदी का रुपया या 2 सुपारी, 2 हल्दी की गांठ ले कर दाहिनी सूंड के गणेश जी को शुद्ध घी के मोदक का भोग लगाएं। फिर यह थैली तिजोरी या कैश बॉक्स में रख दें। आर्थिक स्थिति में शीघ्र सुधार आएगा। एक साल बाद नई थैली बना कर बदलते रहें।गुरु पुष्य योग पंचांग से पता करे .
अगर आप अपार धन-समृद्धि चाहते हैं, तो आपको पके हुए मिट्टी के घड़े को लाल रंग से रंगकर, उसके मुख पर नाड़ा यानी मौली बांधकर तथा उसमें जटायुक्त नारियल रखकर बहते हुए जल में प्रवाहित कर देना चाहिए।
रूके हुए आर्थिक कार्यों की सिद्धि के लिए यह टोटका बहुत ही लाभदायक है।ये क्रिया प्रत्येक रविवार को करे .
सरसो के तेल में सिके गेहूं के आटे व पुराने गुड़ से तैयार सात पूए, सात मदार (आक) के फूल, सिंदूर, आटे से तैयार सरसो के तेल का दीपक, पत्तल या अरण्डी के पत्ते पर रखकर शनिवार की रात में किसी चौराहे पर रख कर कहें :-
ये सामान रखकर पीछे मुड़कर न देखें।ये प्रत्येक शनिवार करे तो उत्तम है अगर न कर सके तो ये हर माह में कम से कम एक बार कृष्ण पक्ष के शनिवार को अवस्य करे धीरे -धीरे भाग्य आपका साथ देना शुरू कर देगा लेकिन कर्म आप को करना है ये प्रयोग उनके लिए बिलकुल नहीं है जो अजगर की तरह घर बेठे सब कुछ पाना चाहते है लेकिन कर्म करने से कतराते है उनका भाग्य उनका भी साथ छोड देता है .
कभी -कभी हम किसी कार्य के लिए जाते है और हमारा कार्य नहीं होता है व्यक्ति कोई न कोई बहाना बना कर हमें निराश कर देता है उनके लिए ये प्रयोग अपनाए. किसी भी गणेश चतुर्थी को गणेश जी का ऐसा चित्र घर या दुकान पर लगाएं, जिसमें उनकी सूंड दाईं ओर मुड़ी हुई हो। उनकी आराधना करें। उनके आगे लौंग तथा सुपारी रखें। जब भी कहीं काम पर जाना हो, तो इस लौंग तथा सुपारी को साथ ले कर जाएं, तो काम सिद्ध होगा। प्रतिदिन एक लौंग और एक सुपारी अलग से भी साथ में रखें। प्रतिदिन काम पर जाने से पहले लौंग चूसें तथा सुपारी को वापस ला कर गणेश जी के आगे रख दें तथा जाते हुए कहें 'जय गणेश काटो कलेश'।
जिस प्रकार धन को छुपाकर रखते हैं उसी प्रकार झाड़ू को भी घर में आने जाने वालों की नज़रों से दूर रखें। वास्तु विज्ञान के अनुसार जो लोग झाड़ू के लिए एक नियत स्थान बनाने की बजाय कहीं भी रख देते हैं, उनके घर में धन का आगमन प्रभावित होता है। इससे आय और व्यय में असंतुलन बना रहता है। आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ता है।
वास्तु विज्ञान के अनुसार झाड़ू सिर्फ घर की गंदगी को दूर नहीं करती है बल्कि दरिद्रता को भी घर से बाहर निकालकर घर में सुख समृद्घि लाती है। झाड़ू का महत्व इससे भी समझा जा सकता है कि रोगों को दूर करने वाली शीतला माता अपने एक हाथ में झाड़ू धारण करती हैं। शास्त्रों में कहा गया है कि झाड़ू में लक्ष्मी का अंश होता है। जहां झाड़ू का अपमान होता है वहां धन की हानि होती है।
जिस प्रकार देवी लक्ष्मी को आदर देते हैं उसी प्रकार झाड़ू को
सिर्फ 15 दिन में टूटी हुई हड्डी को जोड़ने का अद्भुत महाशक्तिशाली मिश्रण, जिसने भी अपनाया उसका शरीर फौलाद बन गया, जरूर पढ़े और शेयर करे
सिर्फ 15 दिन में टूटी हुई हड्डी को जोड़ने का अद्भुत महाशक्तिशाली मिश्रण, जिसने भी अपनाया उसका शरीर फौलाद बन गया, जरूर पढ़े और शेयर करे
हड्डी के टूटने पर रोज हल्दी का सेवन करने से लाभ मिलता है। एक प्याज को पीसकर एक चम्मच हल्दी मिलाकर कपड़े में बांध लें। इसे तिल के तेल में रखकर गर्म करें और इससे फिर सेंक करें। कुछ देर सेंकने के बाद पोटली खोलकर दर्द वाले स्थान पर बांध दें। www.allayurvedic.org
हड्डी टूटने पर हल्दी का रोज सेवन करने से लाभ होता है। हड्डी टूट जाने पर प्लास्टर लगाकर एक बार की टूटी हड्डी तो जल्द ही ठीक हो जाती है मगर जो हड्डी बार-बार टूटी हो उसमें जगह बनने से पानी जमने, सड़ने की संभावना हो सकती है। पिसी हुई हल्दी 1 छोटी चम्मच, एक चम्मच-भर पुराना गुड़ जोकि 1 साल पुराना हो और देशी घी 2 चम्मच-भर लेकर तीनों को 1 कप पानी में उबालें। जब उबलते-उबलते पानी आधा ही रह जाये, तब इसे थोड़ा ठण्डाकर पी जायें। इस प्रयोग को केवल 15 दिन से 6 महीने तक करने से बहुत अच्छा लाभ नज़र आ जायेगा।
रोज हरी घास में 30 मिनट नंगे पावं चलने के 10 अद्भुत फायदे.!!!
नंगे पांव चलने से पुराना दर्द गायब : नंगे पाव चलने से पांव के नीचे बने चक्र, पाइन्ट सक्रीय हो जाते हैं। जिससे शरीर का रक्त संचार सुचारू होता है। शरीर के अंग अंग ब्लोकेज गांठ ठीक हो जाती है। नंगे पाव चलने से पुराना सिर दर्द, कन्धे का दर्द, घुटने दर्द, ठीक करने में सक्षम है।
आंखों की रोशनी बढ़ाये : कमजोर नजर को तेज करने में नंगे पांव रोज हरी घास में चलने से फायदा होता है। अंगूठे, तर्जिनी वहिकायें मतिष्क से जुड़ी होती हैं। पांव तलवे पर दवाव पड़ने पर सीधे असर मस्तिष्क कोशिकाओं पर पड़ता है, मस्तिष्क जोकि आंख पुतली झिल्ली रेटिना को क्रियाविन्त करती है।
शरीर की झंझनाहट दूर : नंगे पांव हरी घास में चलने से शरीर में कंधे, छाती, हाथों की झंझनाहट दूर करने में सक्षम है। नंगे पांव चलने से शरीर रक्त वहिकायें तीव्र गति से खून संचार करती हैं। जिससे खून संचार के साथ साथ फिल्टर करने की क्रिया होती है।
मांसपेशिया हड्डियां मजबूत बनाये : सुबह नंगे पांव चलने से रक्त संचार तीव्र से शरीर ऊर्जावान और रक्त संचार एनर्जी लेवन को तीव्र करता है। जिससे मांसपेशियां हड्डियां मजबूत शक्तिशाली बनाने में सहायक है।
मन शान्त और टेन्शन, चिन्तामुक्त रखे : सुबह नंगे पांव चलने से मतिष्क शांत और तनावमुक्त रहता है। जो लोग तनाव महसूस करते हैं उनके लिए सुबह नंगे पाव चलना अति फायदेमंद है। अपने आसपास देखा होगा योगा, व्यायाम, मार्शल आर्ट, कराटे सिखाने का प्रशिक्षण ट्रेनिंग हमेशा नंगे पांव ही दी जाती है।
नंगे पांव चलना दूर करे सांस सम्बन्धित विकार : नंगे पांव चलने से स्वास दमा जैसी बीमारियों को ठीक करने में सक्षम है। हरी घास में चलने से फेफड़ों का आक्सीजन लेवल बढ़ता है। दमा स्वास मरीज के लिए नंगे पांव चलना फायदेमंद है। www.allayurvedic.org
वजन नियत्रण करें नंगे पांव चलना : रोज सुबह नंगे पांव चलने से शरीर का वजन नियत्रंण में रहता है। वजन बढ़ने से पांव, एडियां दर्द होती है। नंगे पांव चलने से धरती की ऊर्जा शरीर की ऊर्जा को प्रभावित करती है। जोकि स्वास्थ्य के लिए अति फायदेमंद है।
नींद की समस्या दूर करे : रोज नंगे पांव चलने से नींद नाड़ी रोग दूर करने में सक्षम है। तनावमुक्त मन शान्त रखने के लिए रोज सुबह हरी घास में चलने से फायदा होता है।
सरदर्द, मस्तिष्क रोग दूर करे : रोज सुबह 30 मिनट नंगे पाव हरी घास में चलने से सरदर्द, माईग्रेन जैसी मस्तिष्क समस्याऐं धीरे धीरे ठीक हो जाती है।
बच्चों की ऊंचाई बढ़ाने में सहायक : नंगे पांव चलने से बच्चों की ऊचाई बढ़ाने में सहायक है। नंगे पांव चलने से पांव के नीचे बने पाइन्टस चक्र दबते हैं, और सक्रीय हो जाते हैं। उगलियां की नशें पाइन्टस चक्रों सभी का सक्रीय होने बच्चो की रूकी ग्रोथ पुन शुरू हो जाती है। ऊंचाई बढ़ाने वाले कई उपकरण कांटे वाले चप्पल, पैड आपने देखे होंगे। सभी उपकरण का मुख्य मकसर पांव के चक्र पाइन्टस को दबाने का होता है। सभी तरीकों से नंगे पांव पैदल चलने सबसे अच्छा और कारगर है।